वैश्विक निवेशकों से पीएम नरेंद्र मोदी: दीर्घकालिक निवेश के लिए भारत सर्वश्रेष्ठ स्थान

वीजीआईआर 2020 में 20 शीर्ष संस्थागत निवेशकों ने भाग लिया, वैश्विक निवेशकों के लिए पीएम नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में गोलमेज बैठक की गई!

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वीजीआईआर 2020 में 20 शीर्ष संस्थागत निवेशकों ने भाग लिया, वैश्विक निवेशकों के लिए पीएम नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में गोलमेज बैठक की गई!
वीजीआईआर 2020 में 20 शीर्ष संस्थागत निवेशकों ने भाग लिया, वैश्विक निवेशकों के लिए पीएम नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में गोलमेज बैठक की गई!

वैश्विक निवेशकों के लिए पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा आयोजित वीजीआईआर 2020

वैश्विक निवेशों को आकर्षित करने के लिए, प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को देश के लोकतंत्र और जवाबदेही सुनिश्चित करने वाले मजबूत संस्थानों का हवाला देते हुए दीर्घकालिक लाभ उत्पन्न करने के लिए भारत सबसे अच्छा स्थान है। वर्चुअल ग्लोबल इनवेस्टर राउंडटेबल (वीजीआईआर) 2020 को संबोधित करते हुए, मोदी ने कहा कि भारत दुनिया में सबसे कम व्यवसायिक कर दरों वाले देशों में से एक है। मोदी ने हा – “यदि आप विश्वसनीयता के साथ लाभ चाहते हैं, तो भारत ही वह जगह है। यदि आप लोकतंत्र के साथ मांग चाहते हैं, तो भारत ऐसा स्थान है। यदि आप दीर्घकालिक स्थिरता चाहते हैं, तो भारत एक ऐसा स्थान है। यदि आप नये दृष्टिकोण के साथ विकास चाहते हैं, तो भारत वह स्थान है।”

उन्होंने यह समझाते हुए कहा कि भारत की वृद्धि में वैश्विक आर्थिक पुनरुत्थान को उत्प्रेरित करने की क्षमता है – “भारत में लोकतंत्र, जनसांख्यिकी, मांग के साथ-साथ विविधता भी है। ऐसी हमारी विविधता है कि आपको एक बाजार के भीतर कई बाजार मिलते हैं। यहाँ कई क्रय क्षमताएं और कई प्राथमिकतायें हैं। यहाँ कई मौसम और विकास के कई स्तर हैं।”

प्रधान मंत्री ने व्यक्त किया कि भारत के पास राष्ट्रीय अवसंरचना पाइपलाइन के तहत 1.5 ट्रिलियन डॉलर का निवेश करने की महत्वाकांक्षी योजना है।

वित्त मंत्रालय और राष्ट्रीय निवेश और अवसंरचना कोष द्वारा आयोजित वीजीआईआर 2020 में अमेरिका, यूरोप, कनाडा, कोरिया, जापान, मध्य पूर्व, ऑस्ट्रेलिया और सिंगापुर के 20 शीर्ष संस्थागत निवेशकों ने भाग लिया। सीडीपीक्यू, सीपीपी इंवेस्टमेंट, जीआईसी, जापान बैंक फॉर इंटरनेशनल कॉर्पोरेशन, मुबादला (Mubadala), न्यूयॉर्क लाइफ, कतर इंवेस्टमेंट ऑथोरिटी, टेमैसेक (Temasek), और यूएस इंटरनेशनल डेवलपमेंट फाइनेंस कॉर्पोरेशन जैसे प्रमुख कंपनियों के शीर्ष अधिकारियों ने प्रधान मंत्री की अध्यक्षता में गोलमेज बैठक में भाग लिया।

प्रधान मंत्री ने कहा कि न्यू इंडिया का निर्माण किया जा रहा है जो पुरानी प्रथाओं से मुक्त है और आज, भारत बेहतरी के लिए बदल रहा है। उन्होंने कहा कि भारत की दृष्टि में आत्मनिर्भर बनना सिर्फ एक दृष्टिकोण नहीं है बल्कि एक सुनियोजित आर्थिक रणनीति है। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह एक रणनीति है जिसका उद्देश्य भारत के व्यवसायों की क्षमताओं और अपने श्रमिकों के कौशल का उपयोग करके भारत को वैश्विक विनिर्माण क्षेत्र में एक वैश्विक शक्ति बनाना है। मोदी ने कहा कि इसका उद्देश्य नवाचारों (इनोवेशन) के लिए वैश्विक केंद्र बनने के लिए प्रौद्योगिकी में देश की ताकत का उपयोग करना है और इसका उद्देश्य अपने विशाल मानव संसाधनों और उनकी प्रतिभाओं का उपयोग करके वैश्विक विकास में योगदान करना है।

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मोदी ने कहा, “हम हमारे उत्पादन क्षमताओं को बढ़ाने के लिए विभिन्न पहल ले रहे हैं, हमने जीएसटी के रूप में एक राष्ट्र एक कर प्रणाली लागू किया, सबसे न्यूनतम में से एक कॉर्पोरेट कर दरें, और नए विनिर्माण के लिए अधिक प्रोत्साहन/प्रलोभन, आयटी मूल्यांकन और पुनरावेदन के लिए रहस्यमय व्यवस्था/शासन-पद्धति, एक नया श्रमिक वर्ग कानून जो श्रमिकों के कल्याण और नियोजकों के लिए व्यापार करने में आसानी दोनों में संतुलन रखेगा। विशेष क्षेत्रों में उत्पत्ति से जुड़े प्रोत्साहन योजना और निवेशकों को संभालने के लिए सशक्त संस्थानिक व्यवस्था।

प्रधान मंत्री ने व्यक्त किया कि भारत के पास राष्ट्रीय अवसंरचना पाइपलाइन के तहत 1.5 ट्रिलियन डॉलर का निवेश करने की महत्वाकांक्षी योजना है। उन्होंने पाइपलाइन के तहत भारत में योजनाबद्ध विभिन्न सामाजिक और आर्थिक बुनियादी ढांचा परियोजनाओं को सूचीबद्ध किया, जिसका उद्देश्य देश में तेजी से आर्थिक विकास करना और गरीबी को कम करना है। उन्होंने कहा कि भारत ने देश भर में राजमार्गों, रेलवे, महानगरों, जल-मार्गों, हवाईअड्डों के एक बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचे के निर्माण को शुरू किया है। उन्होंने कहा कि नव-मध्यम वर्ग के लिए लाखों किफायती घर भी योजनाबद्ध हैं। उन्होंने न केवल बड़े शहरों में बल्कि छोटे शहरों और कस्बों में भी निवेश का आह्वान किया और कहा कि ऐसे शहरों के विकास के लिए आंदोलन स्तर की योजनाएं लागू की जा रही हैं।

भारत हमारी लंबी-अवधि निवेश रणनीति की कुंजी है, जो विकास बाजारों पर केंद्रित है, और हमारे पास बुनियादी ढांचे, औद्योगिक और उपभोक्ता क्षेत्रों में हमारे मौजूदा निवेशों के निर्माण के लिए एक मजबूत इक्षा है।

प्रधान मंत्री ने वित्तीय क्षेत्र के विकास के लिए समग्र रणनीति पर विस्तार से बताया। उन्होंने वित्तीय क्षेत्र के विकास के लिए कुछ प्रमुख पहलों को सूचीबद्ध किया जैसे कि बैंकिंग क्षेत्र में व्यापक सुधार, वित्तीय बाजारों को मजबूत करना, अंतर्राष्ट्रीय वित्तीय सेवा केंद्र के लिए एकीकृत प्राधिकरण, सबसे उदार एफडीआई शासनों में से एक, विदेशी पूंजी के लिए एक सौम्य कर व्यवस्था, इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट और रियल एस्टेट इनवेस्टमेंट ट्रस्ट जैसे निवेश माध्यमों के लिए उपयुक्त नीति नियम, दिवालियापन एंड बैंकरप्सी नियमों के कार्यान्वयन, रू-पे (Ru-pay) कार्ड और भीम-यूपीआई (BHIM-UPI) जैसे प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण और फिन-टेक आधारित भुगतान प्रणालियों के माध्यम से वित्तीय सशक्तिकरण।

कार्यक्रम के बाद, सीपीपी इन्वेस्टमेंट्स के अध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी अधिकारी, मार्क माचिन ने टिप्पणी की कि वीजीआईआर 2020 राउंडटेबल एक बहुत ही उत्पादक और सहायक मंच है, जिसने हमें भारतीय अर्थव्यवस्था का निर्माण करने और भारत में अंतर्राष्ट्रीय संस्थागत निवेशकों के विकास में तेजी लाने के लिए सरकार के दृष्टिकोण से रूबरू कराया है। भारत हमारी लंबी-अवधि निवेश रणनीति की कुंजी है, जो विकास बाजारों पर केंद्रित है, और हमारे पास बुनियादी ढांचे, औद्योगिक और उपभोक्ता क्षेत्रों में हमारे मौजूदा निवेशों के निर्माण के लिए एक मजबूत इक्षा है।

केसे डे डेपोट एट प्लेसमेंट डु क्यूबेक (सीडीपीक्यू) के अध्यक्ष और सीईओ चार्ल्स एमोंड ने भारत के बारे में बात करते हुए कहा, भारत सीडीपीक्यू के लिए एक महत्वपूर्ण बाजार है – हमने नवीकरणीय, रसद (लॉजिस्टिक), वित्तीय सेवाओं और प्रौद्योगिकी-सक्षम सेवाओं जैसे क्षेत्रों में कई अरब डॉलर का निवेश किया है – और हमारा लक्ष्य आने वाले वर्षों में अपनी उपस्थिति को मजबूत करना है। मैं इस सम्मेलन को आयोजित करने के लिए प्रधान मंत्री मोदी और उनकी सरकार को ईमानदारी से धन्यवाद देना चाहता हूं, जहां वैश्विक निवेशक और व्यापारिक नेतृत्वकर्ता भारत के लिए एक मजबूत अर्थव्यवस्था का समर्थन करने के अवसरों पर चर्चा कर सकते हैं।

अमेरिका के टेक्सास के टीचर रिटायरमेंट सिस्टम के चीफ इन्वेस्टमेंट ऑफिसर जसे ऑबी (Jase Auby) ने भारत के बारे में अपना विचार और राउंडटेबल में अपनी भागीदारी को साझा किया, “मुझे 2020 के वर्चुअल ग्लोबल इन्वेस्टर राउंडटेबल में भाग लेने की खुशी है। पेंशन फंड निवेशक अपने पोर्टफोलियो के बड़े हिस्से को बढ़ती अर्थव्यवस्थाओं और बाजारों से लाभ की उम्मीद के लिए समर्पित करते हैं। भारत द्वारा किए गए संरचनात्मक सुधार भविष्य में इस तरह के उच्च विकास के लिए एक मजबूत आधार प्रदान करने की संभावना है।”

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