प्रख्यात नृत्यांगना और अभिनेत्री सुधा चंद्रन ने प्रधानमंत्री से हवाईअड्डे की कड़ी जांच पड़ताल के बाद कृत्रिम अंगों वाले लोगों को विशेष कार्ड देने का आग्रह किया। सीआईएसएफ ने मांगी माफी

एक इंस्टाग्राम वीडियो में, सुधा चंद्रन ने साझा किया कि हर बार जब वह अपनी पेशेवर यात्राओं के लिए यात्रा करती हैं, तो उन्हें हवाई अड्डे पर सुरक्षा अधिकारियों द्वारा कष्ट दीया जाता है

0
1075
एक इंस्टाग्राम वीडियो में, सुधा चंद्रन ने साझा किया कि हर बार जब वह अपनी पेशेवर यात्राओं के लिए यात्रा करती हैं, तो उन्हें हवाई अड्डे पर सुरक्षा अधिकारियों द्वारा कष्ट दीया जाता है
एक इंस्टाग्राम वीडियो में, सुधा चंद्रन ने साझा किया कि हर बार जब वह अपनी पेशेवर यात्राओं के लिए यात्रा करती हैं, तो उन्हें हवाई अड्डे पर सुरक्षा अधिकारियों द्वारा कष्ट दीया जाता है

हवाई अड्डे पर कृत्रिम अंग के मुद्दों का सामना करने के बाद सुधा चंद्रन से सीआईएसएफ ने माफी मांगी

सुरक्षा जांच के दौरान हवाईअड्डों पर होने वाली कठिनाइयों का वर्णन करते हुए, अभिनेत्री और प्रसिद्ध भरतनाट्यम नर्तक सुधा चंद्रन ने प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी से कृत्रिम अंगों वाले लोगों को एक विशेष कार्ड प्रदान करने की अपील की है। 56 वर्षीय अभिनेत्री ने गुरुवार शाम अपने इंस्टाग्राम पेज पर एक वीडियो पोस्ट किया और कहा कि वह हर बार हवाईअड्डों पर “जांच पड़ताल” से गुजरने पर “बुरी तरह से आहत” होती हैं।

उन्होंने लिखा – “पूरी तरह से आहत….हर बार इस पूछताछ से गुजरना बहुत दुख देने वाला होता है…उम्मीद है कि मेरा संदेश राज्य और केंद्र सरकार के अधिकारियों तक पहुंच जाएगा…और त्वरित कार्रवाई की उम्मीद है…।”

जांच पड़ताल के बाद मुंबई हवाई अड्डे पर रिकॉर्ड किये वीडियो में अभिनेत्री ने कहा – “यह एक बहुत ही व्यक्तिगत विनती है जो कि मैं अपने प्रिय प्रधान मंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी को बताना चाहती हूं। यह केंद्र सरकार और राज्य सरकार से एक अपील है।….मैं सुधा चंद्रन, एक अभिनेत्री और नर्तकी हूं, जिसने एक कृत्रिम अंग के साथ नृत्य किया और इतिहास रचा और मेरे देश को मुझ पर बहुत गर्व हुआ।”

इस खबर को अंग्रेजी में यहाँ पढ़े।

सुधा चंद्रन ने कहा कि उन्होंने कई मौकों पर हवाई अड्डे के अधिकारियों से अपने कृत्रिम अंग के लिए “ईटीडी (विस्फोटक का पता लगाने वाला यन्त्र)” की व्यवस्था करने का अनुरोध किया है, लेकिन वे हमेशा उन्हें इसे हटाने के लिए कहते हैं। “हर बार जब मैं अपनी पेशेवर यात्राओं पर जाती हूं, हर बार, मुझे हवाई अड्डे पर रोक दिया जाता है, और जब मैं सुरक्षा में लगे सीआईएसएफ अधिकारियों से अनुरोध करती हूं, कि कृपया मेरे कृत्रिम अंग के लिए एक ईटीडी परीक्षण करें, वे फिर भी चाहते हैं कि मैं अपना कृत्रिम अंग निकाल कर उन्हें दिखाऊं। क्या यह मानवीय रूप से संभव है, मोदी जी?

उन्होंने वीडियो में कहा – “क्या हमारा देश इसी विषय की बात कर रहा है? क्या यही वह सम्मान है जो एक महिला हमारे समाज में दूसरी महिला को देती है? मोदी जी से मेरा विनम्र अनुरोध है कि कृपया हमें वरिष्ठ नागरिकों की तरह ही एक कार्ड दें।”

 

View this post on Instagram

 

A post shared by Sudhaa Chandran (@sudhaachandran)

शुक्रवार को, केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) ने चंद्रन की शिकायतों के बारे में एक समाचार का जवाब दिया और अभिनेत्री से “असुविधा” के लिए माफी मांगी। सीआईएसएफ के ट्वीट को पढ़ें – “सुधा चंद्रन को हुई असुविधा के लिए हमें बेहद खेद है। प्रोटोकॉल के अनुसार, विशेष परिस्थितियों में ही सुरक्षा जांच के लिए कृत्रिम अंगों को हटाया जाता है।”

यह भी कहा – “हम जांच करेंगे कि संबंधित महिला कर्मियों ने सुश्री सुधा चंद्रन से कृत्रिम अंग को हटाने का अनुरोध क्यों किया। हम सुश्री सुधा चंद्रन को आश्वस्त करते हैं कि हमारे सभी कर्मियों को प्रोटोकॉल के बारे में फिर से संवेदनशील किया जाएगा ताकि यात्रा करने वाले यात्रियों को कोई असुविधा न हो।”

प्रसिद्ध नर्तकी ने 1981 में 16 साल की उम्र में अपना दाहिना पैर खो दिया था। वह एक दुर्घटना में घायल हो गई थीं और बाद में उन्हें एक अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ गैंगरीन होने के बाद डॉक्टरों को उनका पैर काटना पड़ा। सुधा चंद्रन ने बाद में एक कृत्रिम जयपुर फुट की मदद से चलना शुरू किया। तब से, वह एक पेशेवर नर्तकी के साथ-साथ फिल्मों और टेलीविजन शो में अभिनय कर रही हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.